धन्नावंशी स्वामी समाज समिति, श्री डूंगरगढ़
धन्नावंशी स्वामी समाज समिति, श्री डूंगरगढ़ एक ऐसा जीवंत मंच है जो हमारे क्षेत्र में रह रहे धन्नावंशी समाज के सभी परिवारों और सदस्यों को एक सूत्र में पिरोने का कार्य कर रहा है। हमारा संकल्प समाज के हर परिवार को आपस में जोड़ना, सांस्कृतिक विरासत को बचाना और शिक्षा के माध्यम से नई पीढ़ी को सशक्त बनाना है।
पता :
धन्नावंशी स्वामी समाज समिति
श्री डूंगरगढ़, जिला – बीकानेर
राजस्थान – 331803
सम्पर्क :- TBD
हमारी मुख्य गतिविधियाँ और सुविधाएँ
- निशुल्क पुस्तकालय (Library) सुविधा: समिति शिक्षा और ज्ञान को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। हमारे केंद्र पर एक समृद्ध पुस्तकालय (लाइब्रेरी) की सुविधा उपलब्ध है, जहाँ समाज के छात्र, युवा और अन्य सदस्य आकर शांत वातावरण में पढ़ाई कर सकते हैं और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर सकते हैं।
- सांस्कृतिक उत्सव और होली मिलन: समिति हर वर्ष धूमधाम से होली मिलन समारोह और अन्य प्रमुख त्योहारों का आयोजन करती है। ये उत्सव समाज के लोगों को एक साथ लाकर खुशियाँ बांटने और आपसी भाईचारा बढ़ाने का माध्यम हैं।
- पारिवारिक और सामाजिक जुड़ाव: हम एक ऐसा मंच प्रदान करते हैं जहाँ धन्नावंशी समाज के विभिन्न परिवार और सदस्य एक-दूसरे से मिल सकें। इस मेल-मिलाप से हमारी सामाजिक और सांस्कृतिक जड़ें मजबूत होती हैं।
- युवाओं और बच्चों का मार्गदर्शन: शिक्षा और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से हम समाज की युवा प्रतिभाओं को तराशने और उन्हें आगे बढ़ने के लिए सही दिशा दिखाने का प्रयास करते हैं।
NEWS
श्री ठाकुरजी मंदिर व स्वामी समाज भवन निर्माण के लिए भूमिपूजन किया संपन्न
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 7 नवंबर 20251 श्रीडूंगरगढ़ में स्वामी समाज के आराध्य देव ठाकुरजी का मंदिर व स्वामी समाज भवन का निर्माण करवाया जाएगा। निर्माण की रूपरेखा बनाने के पश्चात स्वामी समाज बंधुओं ने शुक्रवार को विधि विधान से भूमिपूजन संपन्न किया गया। झंवर बस स्टैंड के पास आदर्श कॉलोनी के पीछे स्थित स्वामी कॉलोनी में ठाकुरजी मंदिर के लिए भूमिपूजन किशोर दास स्वामी व सोहनदास स्वामी ने किया। वहीं स्वामी समाज भवन निर्माण के लिए पूजन ओमप्रकाश स्वामी व गोपालदास स्वामी द्वारा किया गया। इस दौरान समाज के भगवानदास स्वामी, पोकरदास स्वामी, अर्जुनदास स्वामी, जगदीशदास स्वामी जेतासर, जमनदास स्वामी, सीताराम दास स्वामी, हरिदास स्वामी, गौरीशंकर दास स्वामी, चंपदास स्वामी, प्रिशु स्वामी सहित अनेक मौजिज समाज बंधु शामिल हुए। सभी ने मंदिर व भवन को सुदंर स्वरूप देने व स्वामी समाज हित में मंदिर व भवन निर्माण का कार्य संपन्न करवाने के बारे में चर्चा की है।
